पटना : बीपीएससी के पूर्व सदस्य रामकिशोर सिंह की परेशानी बढ़ने वाली है. श्री सिंह  के खिलाफ निगरानी ब्यूरो ने कई ठोस सबूत जुटाये हैं. निगरानी द्वारा दर्ज  करायी गयी प्राथमिकी में  पैसे के लेन-देन का स्थल रामकिशोर सिंह का सरकारी  आवास बताया गया है. रिश्वत लेकर नौकरी दिलाने के हाइ-प्रोफाइल मामले में  सदस्य रामकिशोर सिंह का सहयोगी परमेश्वर राय ही पूरी डिलिंग करता था. प्राथमिकी में रामकिशोर सिंह, परमेश्वर राय और गुप्तचर के बीच बातचीत का पूरा ब्योरा अंकित है.
रामकिशोर सिंह मगही और हिंदी की मिलीजुली भाषा में उम्मीदवार से बातचीत करते हैं, पैसे के मामले में पूछते हैं, बात हो गयी है ना. पहले विषय के बारे में और फिर अपनी ओर से पूछे जाने वाले संभावित सवाल भी बताते हैं. इसके लिए निगरानी टीम पहले टेप रिकाॅर्डर खरीदी और फिर नाम बदल  उनके घर तक पहुंची  थी.
सात पन्नों की प्राथमिकी के मुताबिक पहले राजवंशीनगर स्थित हनुमान मंदिर पर परमेश्वर राय और गुप्तचर की मीटिंग हुई.  शुरुआती स्तर पर बातचीत तय होने के बाद  परमेश्वर ने सरकारी आवास पर ही ‘साहब’ से मिलवाया. ‘साहब’ के मुखातिब होते ही संबंधित अभ्यर्थी को पहले  पैर छूने के लिए कहा गया. फिर दो बार में तय राशि देने को कहा गया.
रामकिशोर और निगरानी के गुप्तचर के बीच हुई बातचीत के अंश
परमेश्वर राय : गोर छूकर प्रणाम करिएगा.
गुप्तचर : हूं.
रामकिशोर सिंह : आ बइठ जा.
परमेश्वर राय : यहीं है.
रामकिशोर सिंह : सतरह को कौन सीटिंग में है.
गुप्तचर: फर्स्ट सीटिंग में
रामकिशोर : फर्स्टे में हउ, कउन विषय में बीए आ एमए हें
गुप्तचर: जोगरफी से
रामकिशोर सिंह : एकरा में कौन विषय रखले हें, एगो आउ कौन विषय हउ.
गुप्तचर : हिस्ट्री.
रामकिशोर सिंह : ठीक है, इहे दू गो में बढ़िया से तैयार कर लिहे. महासागर के नाम रट लेना. जोगरफी में ज्यादा देख लिह, महासागर हइ, चौहद्दी, बिहार के चौहद्दी….कई गो जिला-प्रखंड-थाना.
गुप्तचर: बतलाइए कितना देना होगा.
परमेश्वर: चौबीस
गुप्तचर: पूरा चौबीस
परमेश्वर : कब लेकर आ रहे हैं.
गुप्तचर :दो दिन का टाइम दे दीजिए
रामकिशोर सिंह : एडमिड कार्डवा के फोटो स्टेट दे दी ह.
गुप्तचर :सर का  आशीर्वाद चाहिए.
रामकिशोर सिंह : ठीक है, बात इनसे हो गयी है ना
गुप्तचर: जी बात हो गयी.
रामकिशोर सिंह: तुम अपना देख लो.
गुप्तचर : जी.