खेकड़ा में दोघट क्षेत्र से पूर्व फौजी की पिस्टल चोरी करने को आरोपित कोरोना पॉजिटिव आरोपित गुरुवार की रात कोविड अस्पताल का जंगला तोड़ फरार हो गया। सुबह नाश्ता देने गए कर्मचारी ने सूचना दी तो स्टाफ में हड़कंप मच गया। पहुंची पुलिस ने मामले की जानकारी ली।11 जुलाई दोघट थाना क्षेत्र के निरपुडा गांव से पूर्व फौजी की पिस्टल चोरी में बिहार के युवक को अस्थाई जेल भेजा गया था। टेस्ट में कोरोना पॉजिटिव मिलने पर 14 जुलाई की रात काठा मार्ग स्थित कोविड अस्पताल में भर्ती कराया गया।

रात के समय हुआ फरार

गुरुवार की रात किसी समय बंदी मरीज रंजन उर्फ चुलबुल पुत्र उपेंद्र निवासी बिहार कोविड अस्‍पताल का जंगला तोड़कर फरार हो गया। सुबह अस्पताल कर्मी मरीज को नाश्ता देने पहुंचा तो फरार मिला। आननफानन में कर्मचारी ने अधिकारियों को अवगत कराया तो विभाग में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही सीओ दिलीप सिंह व इंस्पेक्टर आरके शर्मा अस्पताल पहुंचे। अस्पताल कर्मियों ने बंदी के खिलाफ तहरीर दी है।  सीओ दिलीप सिंह का कहना है कि मुकदमा दर्ज कर लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

पहले भी दो मरीज हो चुके फरार

तीन माह पूर्व भी अस्पताल में भर्ती नेपाली जामाती जंगला तोड़कर फरार हुआ था। अगले रोज किसानो की मदद से पुलिस ने काठा मार्ग से गिरफ्तार किया था। हाल में चार दिन पूर्व रात को भी एक महिला मरीज स्टाफ को चकमा देकर फरार हो गई थी।आधी रात को स्टाफ ने महिला को उसके घर से बरामद किया था।

दिन रात रहता पुलिस का पहरा

कोविड अस्पताल से नेपाली जामाती के फरार होने के बाद पुलिस का पहरा सख्त कर दिया गया था। दिन में चार पुलिस कर्मियों के साथ दो होमगार्ड भी तैनात रहते है। जबकि रात में चार पुलिसकर्मी। रात करीब दो बजे कोतवाली से एसआई तैनात कर्मचारियों की मुस्तैदी जांचने आये थे सभी कुछ ठीक था।

जब महिला अस्पताल तो पुरुष क्यों कराया भर्ती

काठा मार्ग स्तिथ कोविड अस्पताल को महिला विंग बनाया गया है। गत दिनों छपरौली के एक मरीज को पुलिस की मदद से दूसरे अस्पताल में भेजा गया था। ऐसे में सवाल है कि जब अस्पताल सिर्फ महिलाओं के लिए है तो पुरुष बंदी को किस परिस्तिथि या किस दबाव में भर्ती कराया गया। जब बंदी भर्ती था तो अतिरिक्त फोर्स तैनात क्यों नही की गई थी। एएसपी अनित कुमार का कहना है कि जल्द फरार बंदी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।