यूपी के बेसिक शिक्षा मंत्री डा. सतीश द्विवेदी ने कहा कि प्रदेश में फर्जी शिक्षक बच नहीं पाएंगे, जेल जाएंगे। अभी तक 1701 शिक्षक बर्खास्त किए जा चुके हैं। एफआइआर और वसूली (रिकवरी) की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है।

गुरुवार को गोरखपुर में पत्रकारों से बातचीत में बेसिक शिक्षा मंत्री ने कहा कि शुरुआत में चार हजार से अधिक शिक्षकों के फर्जी होने की आशंका थी। अब योगी सरकार ने सभी शिक्षकों की जांच कराने का निर्णय लिया है। स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम और स्पेशल टास्क फोर्स तेजी के साथ जांच कर रही है। कार्य को सरल और सहज बनाने तथा पारदर्शिता के लिए शिक्षा व्यवस्था को पूरी तरह आनलाइन किया जा रहा है। मानव संपदा पोर्टल पर सभी शिक्षकों और छात्रों का पूरा विवरण दर्ज हो रहा है। इससे फर्जीवाड़ा भी पकड़ में आ रहा है।

उन्‍होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था की कार्य प्रणाली को और बेहतर बनाने के लिए प्रेरणा एप लांच किया गया है। इसके लिए सभी शिक्षकों को टैबलेट देने की तैयारी चल रही है। उन्होंने कहा पिछली सरकारों में दिसंबर तक परिषदीय छात्रों में पुस्तकों का वितरण नहीं हो पाता था। अब स्कूल खुलने से पहले सभी परिषदीय छात्रों के घर निश्शुल्क पुस्तकें पहुंच जाएंगी। प्रदेश की योगी सरकार ने सभी छात्रों को ड्रेस के साथ जूता और स्वेटर देने का निर्णय लिया है। संक्रमण से बचने के लिए ड्रेस के साथ निश्शुल्क मास्क भी देने की योजना है। अपनी उपलब्धियां गिनाते हुए उन्होंने बताया कि लॉकडाउन के समय का  मध्याह्न भोजन का खाद्यान्न छात्रों के अभिभावकों को दिया जा रहा है। कन्वर्जन कास्ट (परिवर्तन लागत) अभिभावकों के खाते में भेजा जा रहा है। शिक्षकों को प्रशिक्षित करने के लिए अति आधुनिक पैटर्न पर वार्षिक प्रोग्राम सुनिश्चित किया गया है। परिषदीय विद्यालयों की तस्वीर तेजी से बदल रही है।

स्कूल खुलने से पहले सभी छात्रों को उपलब्ध करा दें पुस्तकें

बेसिक शिक्षा मंत्री ने सर्किट हाउस में जिला और मंडल के शिक्षा अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी की। मध्याह्न भोजन और कन्वर्जन कास्ट के अलावा पुस्तक वितरण की प्रगति रिपोर्ट पर चर्चा की। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे स्कूल खुलने से पहले हर हाल में छात्रों को निश्शुल्क पुस्तकें उपलब्ध करा दें।

ओछी राजनीति कर अपराध को बढ़ावा दे रहा विपक्ष

बेसिक शिक्षा मंत्री डा. सतीश द्विवेदी ने कहा कि विपक्षी पार्टियां प्रदेश की प्रगति से हताश और निराश हैं। उनके पास कोई मुद्दा नहीं बचा है तो ओछी राजनीति कर राज्य में अपराध को बढ़ावा दे रही हैं। दुर्दांत अपराधी विकास दुबे के खिलाफ त्वरित कार्रवाई को कांग्रेस जातीय रंग दे रही है। प्रदेश में हमेशा जाति की राजनीति करने वाली सपा और बसपा के लोग अपने खिसकते जनाधार को बचाने के लिए लगातार गलत बयानबाजी कर रहे हैं। बेसिक शिक्षा मंत्री ने बताया कि अपराधी विकास दुबे ने पुलिस क्षेत्राधिकारी देवेंद्र मिश्र सहित आठ पुलिसकर्मियों की जघन्य हत्या कर प्रदेश की कानून व्यवस्था को चुनौती दी थी। इसलिए योगी सरकार ने प्रदेश में संगठित अपराध को जड़ से उखाडऩे तथा भयमुक्त शासन के संकल्प के अनुसार अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। ऐसे में योगी सरकार के प्रति प्रदेश की आम जनता का विश्वास बढ़ा है।

फीस के लिए दबाव बनाने वाले स्कूलों पर होगी कार्रवाई

बेसिक शिक्षा मंत्री ने कहा कि प्राइवेट स्कूल किसी भी अभिभावक पर फीस के लिए दबाव नहीं बना सकते। अगर दबाव बनाने की शिकायत मिली तो कार्रवाई तय है। इस दौरान अभिभावकों का प्रतिनिधि मंडल अरविंद शर्मा के नेतृत्व में बेसिक शिक्षा मंत्री से मिलकर फीस माफ कराने की गुहार भी लगाई।

संक्रमण के रोकथाम के लिए सरकार कर रही उचित प्रबंध

योगी सरकार कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण से निपटने के लिए उचित प्रबंध कर रही है। 1466 वेंटिलेटर की व्यवस्था की गई है। अस्पतालों को 25 हजार पर्सनल प्रोटेक्शन इक्यूपमेंट (पीपीई किट) दिए गए हैं। सभी जनपदों में मेडिकल कालेज खोलने की योजना है। उन्होंने बताया कि 1500 से अधिक ट्रेनों से 32 लाख से अधिक प्रवासियों को रोडवेज की 12 हजार बसों से सुरक्षित घर तक पहुंचाया गया है। गरीब कल्याण योजना और आत्मनिर्भर भारत अभियान को पूरी लागू कर प्रत्येक प्रवासियों को राशन किट व एक हजार रुपये का जीवन निर्वाह भत्ता दिया जा रहा है।